अंधविश्वास,डायन (टोनही) प्रताड़ना एवं सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ जनजागरण

I have been working for the awareness against existing social evils,black magic and witchcraft that is prevalent all across the country and specially Chhattisgarh. I have been trying to devote myself into the development of scientific temperament among the mass since 1995. Through this blog I aim to educate and update the masses on the awful incidents & crime taking place in the name of witch craft & black magic all over the state.

Wednesday, December 21, 2011

डायन /टोनही के संदेह में . , महिलाओ पर हुए अत्याचार की कड़ी निंदा

डायन /टोनही   के संदेह  में पिछले दिनों हुयी   कुछ  हृदयविदारक घटनाओं  पर जरा नजर  डालें . बिहार  के भागलपुर जिले के धोल्ल्बज्जा  गाँव में सुहागन देवी  नमक महिला के मुख में  पटाखा रखकर  जला    दिया          जिससे  वह बुरी  तरह घायल हो गयी ,ओड़िसा  के क्योंझर  जिले के ग्राम उप्ररेदिहा  में एक महिला  की गर्दन काट  कर हत्या कर दी गयी , छत्तीसगढ़  के जशपुर के  ग्राम भुद्केला में  शांतिबाई नामकमहिल  हत्या ,बिलासपुर  के भरारी में रूपाबाई की हत्या  असम के नौगाव   जिले के सालना टी  एस्टेट में एक महिला की  हत्या   , की घटनाए दुखद  व  शर्मनाक है हम  जादू  टोने  के शक  में  उपरोक्त सभी महिलाओ  पर हुए  अत्याचार  की कड़ी निंदा  करते है     

Sunday, October 16, 2011

. ग्राम धनेली में एन .एस . एस . की छात्राओ के लिए व्याख्यान " ग्राम धनेली में एन. एस. एस . की छात्राओ के लिए आयोजित व्याख्यान


. ग्राम  धनेली  में एन .एस . एस . की  छात्राओ के लिए  व्याख्यान  "   ग्राम  धनेली  में एन. एस. एस . की छात्राओ  के लिए  आयोजित  व्याख्यान में  उन्हें  विभिन्न  सामाजिक अन्धविश्वासो ,कुरीतियों  से होने वाले घातक परिणामो  की जानकारी दी गयी .शासकीय  नवीन  महिला महाविद्यालय   की छात्राओ  को हमने  तंत्र ,मंत्र ,जादू  टोना ,भूत प्रेत  जैसे किसी भी अन्धविश्वास पर भरोसा नहीं करने  की सलाह  दी तथा उन्हें  छत्तीसगढ़  राज्य  टोनही  प्रताड़ना अधिनियम से अवगत कराया ,हमने  उन्हें बलि  प्रथा  के अन्धविश्वास  कारण पिछले दिनों  हुई   कुछ हत्याओ  की घटनाओ   की जानकारी देते हुए उनके प्रश्नों  के उत्तरदिए                   

Sunday, October 9, 2011

"नीबू मिर्च टांगकर नजर न लगने का अन्धविश्वास

"नीबू   मिर्च  टांगकर  नजर  न लगने  का अन्धविश्वास "     यह  तस्वीर  अत्यंत  आधुनिक  समझे जाने  वाले शहर मुंबई  की एक   आधुनिक कार  की  है . जिसमे  कार को बुरी  नजर से बचने के लिए  नीबू -मिर्र्च का combination  बांधा गया  है, जब  पढ़े  लिखे  ,संपन्न  लोग  भी ऐसे अन्धविश्वासो  पर  यकीन करेंगे  तो  अशिक्षित ,गरीब ,ग्रामीणों  को  ही कैसे  दोषी ठहराया जा  सकता  है ,कम  से कम शिक्षित  लोगो  को ऐसी बातो का अन्धानुकरण  नहीं करना  चाहिए .          

"जीभ चढ़ा कर मनोवांछित फल पाने का अन्धविश्वास " .

"जीभ  चढ़ा  कर मनोवांछित  फल  पाने  का अन्धविश्वास " कोरबा  के देवी मंदिर  में एक  युवती  ने अपनी जीभ  काट कर चढ़ा  दी    उसे  अधिक  रक्त बहने के कारण एस  इ  सीएल  के  अस्पताल  में  भर्ती करा  दिया  गया .अंजना  नाम  -की यह युवती  नवरात्र  में प्रतिदिन  कोरबा  दीपिका  के दिपेश्वरी मंदिर में देवी दर्शन के  लिए जाती थी .धार्मिक  उत्सवो   के  दौरान प्रतिवर्ष ऐसी घटनाये  सामने  आतीहै   जिसमे अन्धविश्वास  के चलते  लोग  मानसिक  उन्माद  में आकर अपनी  मनोवांछित  आकांक्षाओ  की  पूर्ति  के लिए   स्वयं  का अंग  भंग  करने  का  दुस्साहस  कर बैठते  है  तथा बाद  में जीवन  भर पछताते है .  

Monday, September 26, 2011

महिलाओ की अग्निपरीक्षा ;आज भी जारी *

महिलाओ  की अग्निपरीक्षा ;आज  भी जारी *  पिछले दिनों  मुझे इंदौर  के पास धारजिले से एक खबर मिली  की वहा  भीलखेडी ग्राम में मोतीलाल ने अपनी  बीबीरेवाबाई  की पवित्रता की अग्निपरीक्षा  ले डाली  .उसने को आग  में बैठा  दिया कि उसे  आग नुक्सान नहीं पंहुचा सकती वह आग से बिना  किसी  नुकसान  के बाहरआ  जाएगी , वह अपने पति कि बातो में आकर  आग में  बैठ  गयी  ,परिणाम स्वरूप  उसे धार के जिला अस्पताल  में बुरी तरह से जली हालत में भरती करना  पड़ा ऐसा  ही  एक मामला राजकोट  के सुरेंद्रनगर का था जहाँ एक महिला को उबलते तेल  में हाथ डाल कर अग्निपरीक्षा देनी पड़ी , रतलाम के पास तो गरमा लोहे के खंते को ,व गर्म तवे पर हाथ रखवा  कर अग्निपरीक्षा  लेने घटनाए हुई  है    बेन्द्री गाव  में  तो स्वयं  को  टोनही  नहीं  होने  का प्रमाण  देने  के लिए  आग  का  घेरा  पार  करने  कि परीक्षा देने कि फरमान  दिया  गया था   जिसे हमने गाव  में जाकर  रुकवाया था  ,पुरानी परंपरा के नाम  पर  अंधविश्वास की यह बर्बर  प्रथाए  जनजागरूकता  से समाप्त  की जा सकती है     

Sunday, September 18, 2011

फिर हुई अन्धविश्वास के कारण हत्या

फिर  हुई  अन्धविश्वास  के  कारण हत्या , बिलासपुर  में एक महिला  लीला बाई  की  उसके  पड़ोसियों  ने  तलवार  से काट काट कर  हत्या  कर  दी  ,क्योकि  उन्हें शक था  की लीला बाई के जादू टोने  करने  से ही  उनके परिवार  के सदस्य बीमार  पड़ते  है ,वह गरीब और विधवा महिला  मजदूरी कर के अपने दो बच्चो  को पल पोश रही थी , घटना के वक्त लीलाबाई बिलासपुर  में गणेश विसर्जन  की झांकिया देख  रही  थी तब उसे घेर  कर मार डाला गया, अत्यंत दुखद  एवं मानवता के लिए  शर्मनाक घटना .   

Sunday, September 11, 2011

भूत -प्रेत की मान्यता अंधविश्वास

भूत -प्रेत  की मान्यता  अंधविश्वास ,   भूत प्रेत ,के अस्तित्व के सम्बन्ध  में वर्तमान समय में  भी लोग असमंजस  में रहते है ,जबकि भूत प्रेत की धारणा सिर्फ अंधविश्वास है ,मनोरोगियो  को प्रेत बाधा  ग्रस्त  मानकर  उनकी झाडफूंक की जाती है ,तो कही -कही पर उन्हें भूत  भगाने के नाम पर उन  मनोरोगियो  की डंडो,चाबुक ,से पिटाई ,की जाती है  तो कही  उनको मिर्च  की धूनी दी जाती  है ,संकलो से बांध कर रखने ,भूखे प्यासे रखकर प्रताड़ित करने के भी मामले सामने आये है .जबकि सही चिकित्सकीय उपचार से वे निरोग हो सकते है .ग्रामीण   ऐसेअंधविश्वास  में न फसे .बच्चों को भूत प्रेत  की  काल्पनिक कहानिया सुनाकर न डराए  बल्कि  उन्हें  आत्मविश्वास  बढ़ानेवाली वास्तविक जानकरिया दे .   ग्राम अम्लेशवर डीह  में  आयोजित  रात्रि सभा  में  व्याख्यान